Shahjahanpur Plantation Drive का एक ऐसा सच सामने आया है जिसने प्रशासनिक दावों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। 12 जुलाई को ‘एक पौधा मां के नाम’ अभियान के तहत शुरू हुए इस पौधारोपण महाभियान का असर अब बदहाली के रूप में साफ दिखने लगा है।
ट्रॉली में ही घुट गया दम: लापरवाही की इंतहा: कलान ब्लॉक कार्यालय परिसर में नगर पंचायत की एक ट्रॉली पिछले दो हफ्तों से खड़ी है। Shahjahanpur Plantation Drive के तहत लाए गए ये पौधे ट्रॉली में रखे-रखे ही सूख रहे हैं और उन्हें अब तक न तो कहीं रोपा गया और न ही बांटा गया।
गायब हो गए लगाए गए पौधे: कागजी साबित हुए दावे: तिलहर स्थित गांधी उद्यान के पास बड़ी संख्या में जो पौधे लगाए गए थे, वे महज 14 दिनों के भीतर गायब हो चुके हैं। परिसर में चारों तरफ टूटे हुए पौधे बिखरे पड़े हैं जो अधिकारियों की घोर अनदेखी को साफ दर्शाते हैं।
सुरक्षा चक्र ही बना काल: सिंधौली में पुराना ढर्रा: सिंधौली विकासखंड परिसर में पिछले वर्ष लगाया गया पौधा और उसका सुरक्षा ट्री-गार्ड दोनों जमीन पर धराशायी पड़े हैं। कई इलाकों में तो लोगों में पौधा लगाने को लेकर कोई उत्सुकता ही नजर नहीं आई, जिससे अभियान महज खानापूर्ति बनकर रह गया।
Shahjahanpur Plantation Drive की जांच के दिए गए निर्देश
जांच के घेरे में लापरवाही: अधिकारियों पर गिरेगी गाज: कलान के एसडीएम आशुतोष कुमार सिंह ने इस मामले का संज्ञान लेते हुए जांच की बात कही है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि यदि आवंटित पौधों का नियमानुसार रोपण नहीं हुआ है, तो जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।






