
अभिजीत दिपके ने दिल्ली पुलिस पर निशाना साधा
अभिजीत दिपके ने दिल्ली पुलिस पर निशाना साधा है और जंतर-मंतर पर चल रहे विरोध प्रदर्शन के मंच से सुरक्षाकर्मियों की कार्यप्रणाली पर तीखे सवाल उठाए हैं। कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक ने पुलिस को फटकार लगाते हुए कहा कि देशसेवा और नागरिकों की रक्षा करने के बजाय यह बल केवल राजनीतिक दबाव में काम कर रहा है। उन्होंने तंज कसा कि अगर अभी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का फोन आ जाए, तो पूरी टीम भागते हुए जाएगी।
लाइब्रेरी बनाने वाले दो छात्रों से मारपीट का आरोप
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर सिलसिलेवार पोस्ट साझा करते हुए सीजेपी प्रमुख ने दावा किया कि जंतर-मंतर प्रदर्शन स्थल पर दो छात्र लोगों में पढ़ने की आदत को बढ़ावा देने के लिए एक छोटी लाइब्रेरी स्थापित करने का प्रयास कर रहे थे। इसी दौरान दिल्ली पुलिस के जवानों ने उनके साथ बर्बरता से मारपीट की। जब छात्रों ने इस दुर्व्यवहार का विरोध किया, तो पुलिसकर्मियों ने कथित तौर पर उनसे सबूत मांगते हुए पूछा कि “प्रूफ क्या है कि हमने मारा?”
छत्रपति शिवाजी और भगत सिंह की किताबें फेंकने का दावा
अभिजीत दिपके ने मामले में सीधे दखल देते हुए सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) अजय शर्मा और उनकी टीम पर गंभीर आरोप मढ़े हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस टीम ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों के बीच बांटी जा रही छत्रपति शिवाजी महाराज और शहीद भगत सिंह के जीवन पर आधारित किताबों को जमीन पर फेंक दिया। सीजेपी ने इसे महापुरुषों का घोर अपमान बताते हुए एसीपी अजय शर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की मांग की है।
नीट पेपर लीक को लेकर गरमाया है माहौल
देश में हुए राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं और विशेष रूप से नीट (NEET) पेपर लीक विवाद को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर कॉकरोच जनता पार्टी दिल्ली के जंतर-मंतर पर बड़ा आंदोलन कर रही है। अमेरिका से लौटे पार्टी संस्थापक अभिजीत दिपके के नेतृत्व में चल रहे इस प्रदर्शन के कारण राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है और वीआईपी आवासों के बाहर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात हैं।







