Brand India Guidelines को लेकर दिल्ली के प्रशासनिक गलियारों से एक ऐसी सनसनीखेज खबर आ रही है जिसने देश के बड़े से बड़े उद्योगपतियों और निर्यातकों की नींद उड़ा दी है। सरकार द्वारा उठाए गए इस गुप्त कदम ने अचानक ग्लोबल मार्केट में भारत की धमक बढ़ाने का पूरा ढांचा ही बदल दिया है।
25,060 करोड़ रुपये का महा-मिशन Brand India Guidelines को लेकर विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) ने मंगलवार को एक विस्तृत और कड़ा संचालन आदेश जारी किया है। सरकार ने यह ऐतिहासिक कदम देश के सबसे बड़े 25,060 करोड़ रुपये के निर्यात प्रोत्साहन मिशन के अंतर्गत उठाया है, जिसका उद्देश्य वैश्विक स्तर पर भारतीय सामानों की पूरी साख को चमकाना है।
वैश्विक बाजारों पर कब्जा करने की तैयारी Brand India Guidelines का मुख्य उद्देश्य दुनिया भर के बाजारों में भारतीय वस्तुओं और सेवाओं की हिस्सेदारी को स्थायी रूप से मजबूत करना है। DGFT ने स्पष्ट किया है कि इस नीति के तहत एक ‘एकीकृत ब्रांड इंडिया ढांचा’ तैयार किया जा रहा है, जिससे वैश्विक मूल्य श्रृंखला में भारत की स्थिति रातों-रात मजबूत हो सके।
एक ‘एंकर’ ब्रांड के तहत आएगा पूरा देश Brand India Guidelines के तहत अंतरराष्ट्रीय बाजार में अब एक विशेष ‘एंकर’ ब्रांड पेश किया जाएगा। इस अनोखे ब्रांड में भारतीय संस्कृति, अटूट गुणवत्ता, विश्वास, अत्याधुनिक नवाचार, बेहतरीन कारीगरी और पर्यावरणीय स्थिरता (Eco-friendly) जैसे तत्वों को कड़ाई से परखा और शामिल किया जाएगा।
टुकड़ों में हो रहे प्रचार पर लगेगी रोक Brand India Guidelines के आने से पहले भारत के अलग-अलग सरकारी विभाग और मंत्रालय विदेशों में अपने-अपने स्तर पर खंडित रूप से ब्रांडिंग करते थे। अब सरकार इन सभी बिखरे हुए प्रयासों को समाप्त कर एक ही छत के नीचे लाकर पूरे विश्व में सिर्फ एक शक्तिशाली भारतीय पहचान स्थापित करेगी।
हितधारकों को 30 दिनों का अल्टीमेटम






