Cyber Fraud Gang Busted होने की इस दिल दहला देने वाली खबर ने पूरे उत्तर प्रदेश पुलिस महकमे को हिलाकर रख दिया है। कानपुर के रेउना थानाक्षेत्र से आ रही इस खौफनाक हकीकत ने आम जनता के होश उड़ा दिए हैं कि कैसे उनके बंद कमरों में डिजिटल डकैती डाली जा रही थी।
ड्रोन कैमरों से पुलिस का अचूक जाल Cyber Fraud Gang Busted करने के लिए कानपुर पुलिस के डीसीपी दक्षिण दीपेंद्र नाथ चौधरी ने एक खुफिया रणनीति तैयार की थी। गिरसी नहर पुल के पास स्थित एक सुनसान पुरानी नहर कोठी की आसमान से ड्रोन कैमरों के जरिए निगरानी की गई और संदिग्ध गतिविधियां मिलते ही चारों तरफ से कमांडो स्टाइल में धावा बोल दिया गया।
प्रधानमंत्री आवास और अश्लील वीडियो का खौफनाक खेल Cyber Fraud Gang Busted होने के बाद पुलिसिया पूछताछ में चौंकाने वाले राज खुले हैं। यह शातिर गैंग लोगों को फोन करके प्रधानमंत्री आवास योजना में मकान दिलाने का झांसा देकर रजिस्ट्रेशन शुल्क वसूलता था, वहीं दूसरी तरफ कुछ लोगों को अश्लील वीडियो देखने के फर्जी केस में फंसाने और पुलिसिया कार्रवाई का खौफ दिखाकर ब्लैकमेल करता था।
बैकग्राउंड में बजाते थे पुलिस सायरन Cyber Fraud Gang Busted करने वाली टीम को पता चला कि यह गिरोह पीड़ितों को डराने के लिए फोन कॉल के दौरान बैकग्राउंड में असली पुलिस सायरन की आवाज बजाता था। खौफ के मारे लोग बिना सोचे-समझे इनके खातों में हजारों-लाखों रुपये ट्रांसफर कर देते थे।
इन 12 डिजिटल लुटेरों की हुई गिरफ्तारी Cyber Fraud Gang Busted अभियान के तहत मौके से अतुल कुशवाहा, नितेश, मोहित, पवन, नीलेश, अंकित, साजन, चंदन सिंह, साजन सिंह, दीपक कुमार और कमलेश सिंह सहित कुल 12 आरोपियों को रंगे हाथों दबोचा गया है। पुलिस ने मौके से 7 एंड्रायड फोन, 3 कीपैड मोबाइल और नकदी बरामद की है।
रोजाना 300 लोगों को बनाते थे शिकार Cyber Fraud Gang Busted करने वाली पुलिस टीम की जांच में सामने आया कि यह गिरोह पिछले एक साल से सक्रिय था और हर दिन 200 से 300 लोगों को फर्जी सिम कार्ड से कॉल करता था। पुलिस अब इन ठगों के बैंक खातों और डिजिटल पेमेंट रिकॉर्ड्स को खंगालकर पूरे नेटवर्क को खंगाल रही है।






